हरियाणा में सरकारी एप लॉन्चिंग में ताने ही ताने:हरपथ एप पर यूजर्स ने लिखा- कांग्रेस के इलाकों में काम नहीं होते, CM के हलके में रोड बदहाल

हरियाणा सरकार ने शनिवार को हरपथ मोबाइल एप लॉन्च कर दिया। इस एप में लोग खराब रोड की फोटो व लोकेशन अपलोड कर सकेंगे। इससे संबंधित विभाग तक जानकारी जाएगी, ताकि मरम्मत हो सके। जिस वक्त CM नायब सैनी एप की लॉन्चिंग कर रहे थे, उस लाइव कार्यक्रम के कमेंट्स सेक्शन में लोगों ने शिकायतों

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हरियाणा में सरकारी एप लॉन्चिंग में ताने ही ताने:हरपथ एप पर यूजर्स ने लिखा- कांग्रेस के इलाकों में काम नहीं होते, CM के हलके में रोड बदहाल

हरियाणा सरकार ने शनिवार को हरपथ मोबाइल एप लॉन्च कर दिया। इस एप में लोग खराब रोड की फोटो व लोकेशन अपलोड कर सकेंगे। इससे संबंधित विभाग तक जानकारी जाएगी, ताकि मरम्मत हो सके। जिस वक्त CM नायब सैनी एप की लॉन्चिंग कर रहे थे, उस लाइव कार्यक्रम के कमेंट्स सेक्शन में लोगों ने शिकायतों के अंबार लगा दिए। कई ने तो ताने भी लिखे। किसी ने लिखा कि कांग्रेस के इलाके में कोई काम नहीं होता।

किसी ने कहा कि सरकार एप से बाहर निकलकर जमीन पर आकर हालत देखे। एक यूजर ने लिखा- CM साहब आपके हलके लाडवा में ही 7 महीने से सड़कों की स्थिति खराब है। बता दें कि इस बार मानसून के सीजन में बाढ़ व जलभराव से प्रदेश में 4,227 सड़कें टूटी हैं। कुल मिलाकर 9410 किलोमीटर रोड टूटी हैं। सरकार सड़कों को दोबारा बनवाने के लिए 4,827 करोड़ रुपए खर्च करने जा रही है। इसलिए CM रोड की समस्या को लेकर लगातार मीटिंग कर रहे हैं। इसी वजह से सड़कों की ग्राउंड रिपोर्ट लेने के लिए हरपथ मोबाइल एप लॉन्च किया गया है। इस एप के जरिए प्रदेश की हर खराब सड़क की रिपोर्ट सरकार तक पहुंच सकेगी। अब पढ़िए… एप लॉन्चिंग के दौरान लोगों ने क्या-क्या शिकवे लिखे…

 अब जानिए क्यों बनाया गया हरपथ एप.... सड़कों को गड्‌ढा मुक्त बनाने का प्लान हरियाणा में सड़कों को गड्ढा मुक्त बनाने और उनकी मरम्मत की प्रक्रिया को बेहतर बनाने के लिए हरपथ मोबाइल एप लॉन्च किया गया है। यह एप नागरिकों को टूटी हुई सड़कों की तस्वीरें अपलोड करने और उनकी लोकेशन बताने की सुविधा देगा। इससे संबंधित विभाग को जानकारी मिलेगी और वे समय पर सड़कों की मरम्मत कर पाएंगे।

कैसे एप को मोबाइल में डाउनलोड करें आप इस एप को अपने स्मार्टफोन के गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड कर खुद को पंजीकृत कर सकते हैं। एप में जीपीएस चालू करके टूटी सड़क की तस्वीर ले सकते हैं और उसे अपलोड कर सकते हैं। क्या हैं एप की मुख्य विशेषताएं यह एप जीपीएस के माध्यम से सड़कों से जुड़ी समस्याओं को जियो-टैग करता है। शिकायत दर्ज होने पर, यह स्वचालित रूप से संबंधित निरीक्षण एजेंसियों, जैसे कि लोक निर्माण विभाग (PWD) आदि को भेज दी जाती है। इसके अलावा फील्ड में तैनात अधिकारी ऐप पर सड़कों से जुड़े अपडेट साझा करते हैं, जिससे लोगों को एप पर ब्लॉक किए गए मार्ग की जानकारी मिलने पर यह पता चल जाता है कि वह मार्ग कब खुलेगा। CM के लाइव पर ये कमेंट्स आएं

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