रोहतक में प्रदूषण बोर्ड का इंजीनियर रिश्वत लेते काबू:स्टोन क्रेशर की कैपेसिटी बढ़ाने के लिए मांगे 1 लाख, एंटी करप्शन ब्यूरो ने पकड़ा
हरियाणा के रोहतक में एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने रिश्वत लेते हुए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सहायक पर्यावरण अभियंता सचिन को एक लाख की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों गिरफ्तार किया है। एसीबी टीम ने आरोपी के खिलाफ रोहतक एसीबी थाने में केस दर्ज किया है। शिकायतकर्ता जितेंद्र सिंह निवासी राजेंद्र कालोनी ने एसीबी को दी शिकायत में बताया था कि उसका कुंडू नाम से स्टोन क्रेशर है, जिसकी क्षमता 100 टन है। आरोपी सचिन ने स्टोन क्रेशर की क्षमता 100 टन से बढ़ाकर 400 टन करने की एवज में एक लाख रुपए रिश्वत मांगी थी। एसीबी ने रंगे हाथ किया आरोपी काबू एसीबी अधिकारियों ने बताया कि जितेंद्र सिंह की शिकायत पर जांच के बाद टीम ने आरोपी को पकड़ने के लिए योजना तैयार की। जितेंद्र ने जैसे ही आरोपी सचिन को सेक्टर-2 में रिश्वत के एक लाख रुपए दिए, एसीबी की टीम ने आरोपी सचिन को रंगे हाथ काबू कर लिया। एसीबी रोहतक थाने में दर्ज हुआ केस एसीबी रोहतक की टीम ने आरोपी सचिन के खिलाफ एसीबी थाने में केस दर्ज किया। एसीबी की टीम आरोपी सचिन से पूछताछ कर रही है। एसीबी प्रवक्ता ने कहा कि अगर कोई अधिकारी या कर्मचारी सरकारी काम करने की एवज में रिश्वत मांगता है तो उसकी शिकायत एंटी करप्शन ब्यूरों में करें।
हरियाणा के रोहतक में एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने रिश्वत लेते हुए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सहायक पर्यावरण अभियंता सचिन को एक लाख की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों गिरफ्तार किया है। एसीबी टीम ने आरोपी के खिलाफ रोहतक एसीबी थाने में केस दर्ज किया है। शिकायतकर्ता जितेंद्र सिंह निवासी राजेंद्र कालोनी ने एसीबी को दी शिकायत में बताया था कि उसका कुंडू नाम से स्टोन क्रेशर है, जिसकी क्षमता 100 टन है। आरोपी सचिन ने स्टोन क्रेशर की क्षमता 100 टन से बढ़ाकर 400 टन करने की एवज में एक लाख रुपए रिश्वत मांगी थी। एसीबी ने रंगे हाथ किया आरोपी काबू एसीबी अधिकारियों ने बताया कि जितेंद्र सिंह की शिकायत पर जांच के बाद टीम ने आरोपी को पकड़ने के लिए योजना तैयार की। जितेंद्र ने जैसे ही आरोपी सचिन को सेक्टर-2 में रिश्वत के एक लाख रुपए दिए, एसीबी की टीम ने आरोपी सचिन को रंगे हाथ काबू कर लिया। एसीबी रोहतक थाने में दर्ज हुआ केस एसीबी रोहतक की टीम ने आरोपी सचिन के खिलाफ एसीबी थाने में केस दर्ज किया। एसीबी की टीम आरोपी सचिन से पूछताछ कर रही है। एसीबी प्रवक्ता ने कहा कि अगर कोई अधिकारी या कर्मचारी सरकारी काम करने की एवज में रिश्वत मांगता है तो उसकी शिकायत एंटी करप्शन ब्यूरों में करें।




