रोहतक में रिश्तेदार बनकर 25 हजार रुपए की ठगी: पत्नी को बीमार बताकर झांसे में लिया; फर्जी बैंक मैसेज भेजकर की धोखाधड़ी

हरियाणा के रोहतक जिले के महम गांव में साइबर ठगी का एक नया मामला सामने आया है, जहाँ एक जालसाज ने खुद को पीड़ित का रिश्तेदार बताकर 25 हजार रुपए ठग लिए।

रोहतक में रिश्तेदार बनकर 25 हजार रुपए की ठगी: पत्नी को बीमार बताकर झांसे में लिया; फर्जी बैंक मैसेज भेजकर की धोखाधड़ी
Image source (Bhaskar)

रोहतक जिले में साइबर अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। महम निवासी एक व्यक्ति को फर्जी रिश्तेदार बनकर और अस्पताल का बहाना बनाकर 25,000 रुपए की चपत लगा दी गई। पीड़ित की शिकायत पर साइबर क्राइम पुलिस ने अज्ञात ठग के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

1. बीमार पत्नी का दिया हवाला, झांसे में आया पीड़ित

गांव महम निवासी विजय कुमार पुत्र सुबे सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसके पास एक अनजान नंबर से फोन आया। फोन करने वाले ने खुद को विजय का रिश्तेदार 'दीपक' बताया, जो भिवानी में रहता है।

आरोपी ने विजय को झांसे में लेते हुए कहा कि उसकी पत्नी गंभीर रूप से बीमार है और अस्पताल में भर्ती है। उसने कहा कि उसे किसी से पैसे मंगवाने हैं, लेकिन उसके खुद के खाते में कुछ तकनीकी खराबी है, इसलिए वह पैसे विजय के खाते में भिजवा रहा है।

2. फर्जी एसएमएस भेजकर ट्रांसफर करवाए रुपए

आरोपी ने एक नंबर व्हाट्सएप पर शेयर किया और दावा किया कि यह अस्पताल में मौजूद 'रविंद्र यादव' नाम के व्यक्ति का नंबर है। इसके तुरंत बाद विजय के मोबाइल पर 25 हजार रुपए खाते में जमा होने का एक मैसेज आया।

आरोपी ने फोन कर विजय से कहा:

"आपके खाते में 25,000 रुपए आ गए हैं। अस्पताल में अर्जेंट बिल देना है, इसलिए तुरंत इस पैसे को रविंद्र यादव के दिए गए नंबर पर ऑनलाइन ट्रांसफर कर दीजिए।"

बीमारी की बात सुनकर विजय आरोपी की बातों में आ गया और बिना अपना बैंक बैलेंस चेक किए 25 हजार रुपए बताए गए नंबर पर ट्रांसफर कर दिए।

3. 55 हजार रुपए का दूसरा मैसेज आते ही खुला राज

25 हजार रुपए ट्रांसफर होने के तुरंत बाद आरोपी ने विजय को 55 हजार रुपए क्रेडिट होने का एक और मैसेज भेजा और वह राशि भी तुरंत रविंद्र यादव के खाते में डालने को कहा।

लगातार दोबारा पैसे मांगने पर विजय को शक हुआ। जब उसने अपना बैंक अकाउंट चेक किया तो पता चला कि खाते में कोई पैसा जमा ही नहीं हुआ था और जो मैसेज आए थे वे फर्जी थे। ठगी का अहसास होते ही पीड़ित ने तुरंत साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई।

4. पुलिस की कार्रवाई

साइबर क्राइम थाना पुलिस ने पीड़ित विजय कुमार की शिकायत पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिस नंबर से कॉल आई थी और जिस खाते में पैसे ट्रांसफर हुए हैं, उनकी जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर मामले का पर्दाफाश किया जाएगा।