रोहतक जिला परिषद के वाइस चेयरमैन की कुर्सी खतरे में, अविश्वास प्रस्ताव को लेकर 19 अक्टूबर को होगी बैठक
रोहतक जिला परिषद के वाइस चेयरमैन अनिल हुड्डा और पार्षद सुमन के बीच हुए विवाद के बाद उनकी कुर्सी पर संकट मंडरा रहा है। पार्षद सुमन ने वाइस चेयरमैन पर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है
महिला पार्षद से विवाद और उन्हें धमकी देने के आरोपों के बाद चेयरपर्सन मंजू हुड्डा सहित अन्य पार्षदों ने उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की पूरी तैयारी कर ली है। जिला परिषद के कुल 14 सदस्यों में से करीब 10 से 11 पार्षदों ने एकजुट होकर वाइस चेयरमैन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए डीसी को अपने शपथ पत्र सौंपे थे। डीसी सतबीर सिंह की तरफ से पहले इस अविश्वास प्रस्ताव को लेकर बैठक 14 अक्टूबर को बुलाई गई थी और इसके लिए बाकायदा नोटिस भी जारी किया गया था, लेकिन डीसी की अनुपस्थिति के कारण इस बैठक को स्थगित करना पड़ा।
अब अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा और अंतिम निर्णय के लिए यह महत्वपूर्ण बैठक 19 अक्टूबर को जिला विकास भवन में दोबारा आयोजित की जाएगी।
इस पूरे विवाद की मुख्य वजह वाइस चेयरमैन अनिल हुड्डा और महिला पार्षद सुमन के बीच पिछले दिनों हुआ एक झगड़ा है। पार्षद सुमन ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) से मिलकर वाइस चेयरमैन पर उनके साथ गाली-गलौज करने और जान से मारने की धमकी देने जैसे गंभीर आरोप लगाए थे।
इसके अलावा अनिल हुड्डा पर पहले भी जिला परिषद की बैठक के दौरान मारपीट करने और सरकारी कार्यालय परिसर में हंगामा करने के आरोप लगे हैं, जिसकी वजह से वह विवादों में घिरे रहे हैं। दूसरी ओर, वाइस चेयरमैन अनिल हुड्डा ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को राजनीति से प्रेरित बताया है। उनका दावा है कि जिला परिषद के पार्षदों का समर्थन अभी भी उनके साथ है और कुछ लोग केवल बहकावे में आ गए हैं। उन्होंने कहा कि बैठक में स्थिति पूरी तरह साफ हो जाएगी क्योंकि विपक्ष के पास अविश्वास प्रस्ताव पास कराने के लिए जरूरी दो-तिहाई बहुमत पूरा नहीं होगा, जिसके कारण उनकी कुर्सी पूरी तरह सुरक्षित है। अब सभी की नजरें 19 अक्टूबर को होने वाली इस विशेष बैठक पर टिकी हैं, जहां वाइस चेयरमैन की कुर्सी का अंतिम फैसला होगा।




