छात्र संगठनों में अनुशासन दिखेगा तो प्रत्यक्ष चुनाव में दिक्कत नहीं : सीएम

रोहतक. सीएम मनोहर लाल ने छात्र संगठनों के चुनाव पर सरकार का रूख स्पष्ट कर दिया है। उन्होंने कहा कि छात्र संघ चुनाव 22 वर्ष बाद 2018 में शुरू किए गए थे। इसमें लिंगदोह की रिपोर्ट भी है...

छात्र संगठनों में अनुशासन दिखेगा तो प्रत्यक्ष चुनाव में दिक्कत नहीं : सीएम
छात्र संगठनों में अनुशासन दिखेगा तो प्रत्यक्ष चुनाव में दिक्कत नहीं : सीएम

रोहतक.सीएम मनोहर लाल ने छात्र संगठनों के चुनाव पर सरकार का रूख स्पष्ट कर दिया है। उन्होंने कहा कि छात्र संघ चुनाव 22 वर्ष बाद 2018 में शुरू किए गए थे। इसमें लिंगदोह की रिपोर्ट भी है, इसमें लिंगदोह ने कहा था कि अभी प्रत्यक्ष चुनाव नहीं करवाने चाहिए, सिर्फ अप्रत्यक्ष चुनाव करवाने चाहिए।

 

सीएम ने कहा कि मैं ये वादा करता हूं कि जब सभी छात्र संगठनों में एबीवीपी की तर्ज पर अनुशासन और विचार नजर आ जाएगा तो प्रत्यक्ष चुनाव कराने में कोई दिक्कत नहीं है। प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष में कोई अंतर नहीं है। चुनाव आखिर बंद ही हिंसात्मक गतिविधि के कारण हुए थे। हिंसात्मक गतिविधि के चलते लोकतंत्र जिंदा नहीं रह सकता।

 

लोकतंत्र की पहली शर्त ही शांतिपूर्वक चुनाव है। यदि माहौल खराब हुआ तो फिर चुनाव का लाभ नहीं है। सीएम शनिवार को रोहतक में बाबा मस्तनाथ विश्वविद्यालय सभागार में हुए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के 51वें प्रांत अधिवेशन में बतौर मुख्यातिथि पहुंचे। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलन के साथ अधिवेशन के सत्र की शुरुआत की।

 

सीएम ने कहा कि उच्चतर शिक्षा परिषद के चेयरमैन बीके कुठियाला ने नया कार्यक्रम शुरू किया है। इसके तहत सभी कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में एलुमिनाई का वार्षिकोत्सव मनाया जाएगा। इसमें शिक्षण संस्थान जब से शुरू हुए हैं, तब से उसमें पढ़े हुए विद्यार्थियों को बुलाया जाएगा। चाहे कम आएं या ज्यादा। पर आएंगे तो एक दिन साथ बिताएंगे। कुछ लोग तो संस्थानों से पढ़कर बहुत अच्छे पदों पर पहुंच गए हैं।

 

source:bhaskar